ग्रहण योग शांति

Call for Price

Availability: In Stock

ज्योतिषशास्त्र में ग्रहण योग को अशुभ माना जाता है। यह योग सूर्य, राहू, केतु, और चंद्रमा के संयोग पर आधारित होता है। इसके प्रभाव से व्यक्ति के जीवन में विभिन्न समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।

Category: Tag:

Description

ग्रहण योग के नकारात्मक प्रभाव:

– **मानसिक अस्थिरता**: इस योग से प्रभावित व्यक्तियों में मानसिक अस्थिरता, चिंता, और निराशा की स्थिति हो सकती है।

– **स्वास्थ्य समस्याएं**: योग से आंखों की समस्याएं, पाचन तंत्र की समस्याएं, त्वचा के विकार, और अन्य स्वास्थ्य संबंधी तकलीफें उत्पन्न हो सकती हैं।

– **व्यावसायिक कठिनाइयाँ**: व्यावसायिक जीवन में चुनौतियाँ, वित्तीय हानियाँ, और नौकरी के खतरे हो सकते हैं।

– **संबंध समस्याएं**: इस योग से वैवाहिक जीवन और परिवार में संबंधों में कठिनाईयां उत्पन्न हो सकती हैं।

 

#### सूर्यग्रहण योग शांती के उपाय:

– **ग्रहण पूजा**: सूर्य और चंद्रमा को समर्पित पूजा ग्रहण के समय करें।

– **दान**: रविवार या सोमवार को सफेद कपड़े, चंदन, और चांदी का दान करें।

– **मंत्र जाप**: महामृत्युंजय मंत्र और गायत्री मंत्र का जाप करें।

– **योग और ध्यान**: नियमित व्यायाम और ध्यान से मानसिक शांति प्राप्त करें।

 

#### पूजा की प्रक्रिया:

  1. **संकल्प**: पूजा के लिए संकल्प लें।
  2. **कलश स्थापना**: तांबे के बर्तन में पवित्र जल भरकर उसमें नारियल रखें।
  3. **राहू और केतु पूजन**: राहू और केतु को आहुति दें।
  4. **मंत्र जाप**: “ॐ राहवे नमः” और “ॐ केतवे नमः” का जाप करें।
  5. **नैवेद्य अर्पण**: फलों का भोग चढ़ाएं।

 

#### पूजा के लाभ:

– **आवश्यकताओं का पार**: जीवन की चुनौतियों और संकटों को कम करता है।

– **वैवाहिक समृद्धि**: वैवाहिक जीवन में सुख और समाधान प्राप्त होते हैं।

– **स्वास्थ्य सुधारणा**: शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार होती है।

– **आर्थिक स्थिरता**: आर्थिक स्थिति में स्थिरता और नई संभावनाओं का द्वार खुलता है।

– **मानसिक शांति**: मानसिक तनाव को कम करता है और स्थिरता प्राप्त करता है।

– **व्यावसायिक प्रगति**: व्यावसायिक जीवन में उन्नति और सफलता मिलती है।

– **पारिवारिक सौहार्द**: परिवार के संबंधों में सुधार होता है।

 

#### टिप: अपनी कुंडली के विश्लेषण के आधार पर उपयुक्त उपायों के लिए ज्योतिष तज्ञ से सलाह लेना अत्यधिक आवश्यक है।

 

#### पूजा कहाँ और कैसे करें?

 

– **मंदिर पूजा**: आप त्र्यंबकेश्वर या अन्य तीर्थस्थलों पर सूर्यग्रहण योग शांती पूजा कर सकते हैं।

– **घर की पूजा**: आप घर पर भी इस पूजा को कर सकते हैं।

 

 

– **पूजा विधि**: सूर्य और चंद्रमा को फूल, नैवेद्य, और धूप अर्पण करें। गायत्री मंत्र का जाप करें।

 

#### पूजा के लाभ:

– **मानसिक शांति**: सूर्य और चंद्रमा की पूजा से मानसिक शांति मिलती है।

– **स्वास्थ्य सुधारणा**: स्वास्थ्य में सुधार होता है और रोगों का निवारण होता है।

– **व्यावसायिक सफलता**: व्यवसाय में सफलता और आर्थिक स्थिरता मिलती है।

– **संबंध सुधारणा**: वैवाहिक और पारिवारिक संबंधों में सुधार होता है।

 

क्या मुझे ग्रहण योग की शांति पूजा में भाग लेना चाहिए?

हाँ, यदि संभव हो तो उपस्थित रहना चाहिए।

 

क्या मैं ग्रहण योग की शांति पूजा ऑनलाइन कर सकता हूँ?

अगर किसी कारण से पूजा में आना संभव नहीं है तो हम ऑनलाइन पूजा कर सकते हैं

 

इस ग्रहण योग शांति पूजा में कितना समय लगता है?

इस पूजा में तीन घंटे का समय लगता है

 

योग्य उपाय की योजना बनाने के लिए हमारे अनुभवी पुरोहितों से संपर्क करें।

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “ग्रहण योग शांति”

Your email address will not be published. Required fields are marked *